
Assam Election Result 2026: असम विधानसभा चुनाव 2026 के रुझानों ने राज्य की राजनीति में एक बार फिर बड़ा संदेश दिया है। शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, सत्तारूढ़ NDA गठबंधन लगातार तीसरी बार सरकार बनाने की ओर बढ़ता नजर आ रहा है। 126 सीटों वाली विधानसभा में NDA करीब 99 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जो स्पष्ट बहुमत से काफी आगे है।
राज्य में सरकार बनाने के लिए 64 सीटों का आंकड़ा जरूरी होता है, जिसे NDA आराम से पार करता दिख रहा है। इन रुझानों के बाद राजनीतिक माहौल में हलचल तेज हो गई है और समर्थकों के बीच उत्साह देखने को मिल रहा है।
NDA की मजबूत स्थिति, BJP सबसे आगे
चुनाव आयोग के रुझानों के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (BJP) 80 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। वहीं उसके सहयोगी दल असम गण परिषद (AGP) 9 सीटों और बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट (BPF) 10 सीटों पर आगे चल रहे हैं।
इस तरह NDA गठबंधन कुल मिलाकर 99 सीटों पर बढ़त के साथ बेहद मजबूत स्थिति में नजर आ रहा है। यह प्रदर्शन पिछले चुनावों की तुलना में भी काफी प्रभावशाली माना जा रहा है।
कांग्रेस और सहयोगियों की स्थिति
विपक्ष की बात करें तो कांग्रेस पार्टी 23 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि उसकी सहयोगी पार्टी राइजोर दल 2 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है।
हालांकि इन आंकड़ों के आधार पर कांग्रेस NDA को कड़ी चुनौती देने की स्थिति में नहीं दिख रही है। चुनावी मुकाबले में कांग्रेस के कई बड़े नेता भी पीछे चल रहे हैं, जिससे पार्टी के लिए यह चुनाव चुनौतीपूर्ण साबित होता दिख रहा है।
बड़े नेताओं की स्थिति पर नजर
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा जलुकबाड़ी सीट से आगे चल रहे हैं, जो उनके मजबूत जनाधार को दर्शाता है। वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई जोरहाट सीट पर BJP उम्मीदवार हितेंद्रनाथ गोस्वामी से पीछे हैं।
इसके अलावा विधानसभा अध्यक्ष बिस्वजीत दैमारी तमुलपुर सीट से बढ़त बनाए हुए हैं। वहीं कई अन्य प्रमुख उम्मीदवारों की स्थिति भी लगातार बदलती नजर आ रही है, जिससे मुकाबला दिलचस्प बना हुआ है।
अन्य प्रमुख सीटों पर मुकाबला
खोवांग सीट पर AJP के लुरिनज्योति गोगोई, जो पहले आगे चल रहे थे, अब BJP के चक्रधर गोगोई से पीछे हो गए हैं। वहीं राइजोर दल के नेता अखिल गोगोई, जो शुरुआती दौर में पीछे थे, अब बढ़त बनाते नजर आ रहे हैं।
AIUDF भी दो सीटों पर आगे है, जिसमें पार्टी प्रमुख बदरुद्दीन अजमल बिन्नाकांडी सीट से बढ़त बनाए हुए हैं।
कई दिग्गज उम्मीदवार पीछे
इस चुनाव में कई बड़े नेताओं को झटका लग सकता है। विपक्ष के नेता देबब्रत सैकिया और पूर्व राज्यसभा सांसद रिपुन बोरा पीछे चल रहे हैं।
इसके अलावा पूर्व केंद्रीय मंत्री राजेन गोहाइन, पूर्व सांसद राजदीप रॉय और मंत्री नंदिता गारलोसा जैसे नेता भी अपने-अपने क्षेत्रों में पीछे हैं। यह संकेत देता है कि इस बार मतदाताओं ने कई बड़े चेहरों को चुनौती दी है।
NDA सहयोगियों का प्रदर्शन
NDA के सहयोगी दल AGP के अध्यक्ष अतुल बोरा और कार्यकारी अध्यक्ष केशव महंत अपने-अपने क्षेत्रों में आगे चल रहे हैं।
वहीं BPF भी कई सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। कोकराझार सीट पर बीटीसी प्रमुख हग्रामा मोहिलारी की पत्नी सेउली मोहिलारी आगे चल रही हैं, जो इस क्षेत्र में पार्टी की पकड़ को दिखाता है।
मतगणना और मतदान का आंकड़ा
मतगणना सुबह 8 बजे से शुरू हुई, जिसमें सबसे पहले पोस्टल बैलेट की गिनती की गई। राज्य के 35 जिलों में 40 केंद्रों पर मतगणना की जा रही है।
असम में इस बार 9 अप्रैल को एक ही चरण में मतदान हुआ था, जिसमें रिकॉर्ड 85.96 प्रतिशत वोटिंग दर्ज की गई। लगभग 2.5 करोड़ मतदाताओं ने 722 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला किया है।
राजनीतिक विश्लेषण: क्या संकेत दे रहे हैं रुझान
रुझानों से साफ है कि NDA गठबंधन ने राज्य में अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखी है। अगर ये रुझान परिणामों में बदलते हैं, तो यह NDA के लिए लगातार तीसरी जीत होगी, जो राजनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण मानी जाएगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस जीत के पीछे विकास कार्य, संगठन की मजबूती और नेतृत्व की भूमिका अहम रही है।
निष्कर्ष
असम विधानसभा चुनाव 2026 के रुझानों ने साफ संकेत दिया है कि NDA एक बार फिर राज्य की सत्ता में वापसी कर सकता है। 99 सीटों पर बढ़त के साथ गठबंधन बेहद मजबूत स्थिति में है और तीसरी बार सरकार बनाने की ओर अग्रसर है।
हालांकि अंतिम नतीजे अभी आने बाकी हैं, लेकिन मौजूदा रुझान NDA के पक्ष में साफ झुकाव दिखा रहे हैं। अब सभी की नजरें आधिकारिक परिणामों पर टिकी हैं, जो असम की राजनीति की नई दिशा तय करेंगे।



