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ईरान में गैस का विशाल भंडार मिला, 7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से ज्यादा रिजर्व

Iran New Gas Field: ईरान ने ऐसे समय में प्राकृतिक गैस के एक बड़े भंडार की खोज की है, जब देश का ऊर्जा क्षेत्र युद्ध, प्रतिबंधों और बुनियादी ढांचे से जुड़ी चुनौतियों से जूझ रहा है। ईरान के दक्षिणी फार्स प्रांत में 7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से अधिक प्राकृतिक गैस मिलने का ऐलान किया गया है। ईरान के तेल मंत्री मोहसेन पाकनेजाद के मुताबिक, इस भंडार में से करीब 5.7 ट्रिलियन क्यूबिक फीट गैस को निकाला जा सकता है।

यह खोज ईरान के लिए इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि देश पहले से ही ऊर्जा उत्पादन और आपूर्ति से जुड़ी मुश्किलों का सामना कर रहा है। हालांकि, नए भंडार की खोज से तत्काल गैस उत्पादन शुरू नहीं होगा। इसके लिए ड्रिलिंग, प्रोसेसिंग, पाइपलाइन, परिवहन और अन्य बुनियादी ढांचे पर भारी निवेश करना होगा। मौजूदा प्रतिबंधों और क्षेत्रीय तनाव के बीच यह ईरान के लिए बड़ी चुनौती हो सकती है।

7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से ज्यादा गैस की खोज

ईरानी अधिकारियों के अनुसार, फार्स प्रांत में मिले नए गैस क्षेत्र में कुल 7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से अधिक प्राकृतिक गैस मौजूद है। अनुमानित रिकवरी रेट के आधार पर इसमें से लगभग 5.7 ट्रिलियन क्यूबिक फीट गैस निकाली जा सकती है। यह मात्रा ईरान के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसे देश के बड़े गैस संसाधनों में एक अहम इजाफे के तौर पर देखा जा रहा है।

तेल मंत्री मोहसेन पाकनेजाद ने बताया कि रिकवर होने वाली गैस की मात्रा साउथ पार्स गैस फील्ड के एक चरण से करीब 15 वर्षों के उत्पादन के बराबर है। साउथ पार्स दुनिया के सबसे बड़े गैस क्षेत्रों में शामिल है और इसका एक हिस्सा ईरान के पास है, जबकि दूसरा हिस्सा कतर के क्षेत्र में आता है।

इस तुलना से अंदाजा लगाया जा सकता है कि फार्स में मिली नई गैस खोज का ईरान के लिए आर्थिक और ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से कितना महत्व है।

गैस की क्वालिटी भी ईरान के लिए अच्छी खबर

नई खोज से जुड़ी एक और महत्वपूर्ण बात गैस की गुणवत्ता है। ईरान ने इसे ‘स्वीट गैस’ बताया है। ऐसी गैस में हाइड्रोजन सल्फाइड जैसे कुछ अशुद्ध तत्व अपेक्षाकृत कम होते हैं। इसके कारण गैस की प्रोसेसिंग और उत्पादन लागत को कम रखने में मदद मिल सकती है।

इसका मतलब यह है कि यदि ईरान इस क्षेत्र के विकास के लिए पर्याप्त निवेश और तकनीकी संसाधन जुटा लेता है, तो भविष्य में यहां से गैस उत्पादन अपेक्षाकृत बेहतर आर्थिक स्थिति में किया जा सकता है।

हालांकि, किसी गैस भंडार का मिलना और उसका व्यावसायिक उत्पादन शुरू होना दो अलग-अलग चरण हैं। ईरान को पहले विस्तृत मूल्यांकन, कुओं की ड्रिलिंग, उत्पादन सुविधाओं और गैस को बाजार तक पहुंचाने के लिए परिवहन नेटवर्क तैयार करना होगा।

गैस के साथ गैस कंडेनसेट भी मिला

फार्स प्रांत में मिली इस खोज की अहमियत केवल प्राकृतिक गैस तक सीमित नहीं है। अधिकारियों के मुताबिक, यहां बड़ी मात्रा में गैस कंडेनसेट भी मौजूद है। गैस कंडेनसेट एक प्रकार का हल्का हाइड्रोकार्बन तरल होता है, जिसे रिफाइनिंग और पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में इस्तेमाल किया जा सकता है।

ईरानी तेल मंत्री ने गैस और कंडेनसेट से मिलने वाली संभावित आर्थिक संपत्ति को अरबों डॉलर में बताया है। यदि इस क्षेत्र को सफलतापूर्वक विकसित किया जाता है, तो इससे ईरान को भविष्य में अतिरिक्त राजस्व हासिल करने का मौका मिल सकता है।

यह पहल ऐसे समय में महत्वपूर्ण हो जाती है जब ईरान की अर्थव्यवस्था लंबे समय से पश्चिमी प्रतिबंधों का सामना कर रही है और ऊर्जा क्षेत्र में विदेशी निवेश तथा आधुनिक तकनीक की उपलब्धता सीमित रही है।

युद्ध और हमलों से पहले ही दबाव में था ईरान का ऊर्जा क्षेत्र

नई गैस खोज ईरान के लिए इसलिए भी बड़ी खबर है क्योंकि हाल के संघर्ष का देश के ऊर्जा ढांचे पर असर पड़ा है। रिपोर्टों के मुताबिक, फरवरी के अंत से शुरू हुए हमलों में ईरान की कुछ ऊर्जा सुविधाएं प्रभावित हुईं और देश की रोजाना गैस उत्पादन क्षमता में करीब एक चौथाई की कमी आई थी।

साउथ पार्स से जुड़ी कुछ ऊर्जा सुविधाएं भी प्रभावित हुई थीं। ईरान बाद में उत्पादन क्षमता बहाल करने की कोशिश करता रहा, लेकिन ऊर्जा क्षेत्र को पूरी तरह सामान्य स्थिति में लाने में समय लग सकता है।

ईरान की समस्या सिर्फ उत्पादन तक सीमित नहीं है। देश में बिजली और गैस की घरेलू मांग भी काफी अधिक है। सर्दियों के दौरान गैस की खपत बढ़ने पर आपूर्ति को लेकर सरकार पहले ही चिंता जाहिर कर चुकी है। ऐसे में नई खोज भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण रणनीतिक विकल्प बन सकती है।

क्या नई खोज से ईरान की गैस समस्या तुरंत खत्म हो जाएगी?

नई गैस खोज के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या ईरान जल्द इसका इस्तेमाल शुरू कर पाएगा। इसका जवाब फिलहाल ‘नहीं’ है।

किसी नए गैस क्षेत्र को व्यावसायिक उत्पादन में लाने में कई साल लग सकते हैं। इसके लिए उत्पादन कुएं, गैस प्रोसेसिंग प्लांट, कंप्रेशन सिस्टम, पाइपलाइन और अन्य बुनियादी सुविधाओं की जरूरत होगी। इसके अलावा परियोजना के लिए बड़े पैमाने पर पूंजी निवेश भी जरूरी होगा।

ईरान के सामने सबसे बड़ी चुनौती अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध हैं। प्रतिबंधों के कारण देश के लिए विदेशी कंपनियों से तकनीक, उपकरण और वित्तीय सहायता हासिल करना मुश्किल हो सकता है। इसलिए नई खोज का वास्तविक आर्थिक लाभ इस बात पर निर्भर करेगा कि तेहरान इसे कितनी तेजी से उत्पादन में बदल पाता है।

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर तनाव से बढ़ी चिंता

फार्स प्रांत में गैस की खोज का महत्व केवल ईरान की घरेलू अर्थव्यवस्था तक सीमित नहीं है। यह खोज ऐसे समय सामने आई है जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव तथा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर विवाद लगातार चर्चा में है।

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी के बीच स्थित एक बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है। वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इस रास्ते से होकर गुजरता है। इसलिए इस क्षेत्र में किसी भी लंबे व्यवधान का असर अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार पर पड़ सकता है।

ईरान और अमेरिका के बीच होर्मुज को लेकर बयानबाजी बढ़ने से वैश्विक बाजार पहले से ही सतर्क है। ऐसे माहौल में ईरान की नई गैस खोज को केवल ऊर्जा संसाधन के रूप में नहीं, बल्कि रणनीतिक संपत्ति के तौर पर भी देखा जा रहा है।

अमेरिकी प्रतिबंध बन सकते हैं सबसे बड़ी चुनौती

ईरान की ऊर्जा क्षमता बढ़ाने की कोशिशों के सामने अमेरिकी प्रतिबंध एक बड़ी बाधा हैं। तेल और गैस क्षेत्र में निवेश, उपकरण और अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच पर प्रतिबंधों का असर पहले से दिखाई देता रहा है।

यदि ईरान नई खोज को तेजी से विकसित करना चाहता है, तो उसे बड़ी पूंजी के साथ आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञता की जरूरत होगी। प्रतिबंधों के कारण इन संसाधनों को जुटाना आसान नहीं होगा।

फिर भी ईरान ने पिछले वर्षों में घरेलू तकनीकी क्षमता और स्थानीय निवेश के जरिए अपने ऊर्जा क्षेत्र को आगे बढ़ाने की कोशिश की है। नई खोज इसी रणनीति को और मजबूती दे सकती है।

ईरान के लिए क्यों अहम है यह गैस खोज?

फार्स में मिला नया गैस भंडार ईरान को कई स्तरों पर फायदा पहुंचा सकता है। सबसे पहले इससे देश के प्राकृतिक गैस संसाधनों में बढ़ोतरी होगी। दूसरा, भविष्य में इसका इस्तेमाल घरेलू बिजली उत्पादन और औद्योगिक जरूरतों को पूरा करने में किया जा सकता है। तीसरा, गैस कंडेनसेट से अतिरिक्त आर्थिक मूल्य पैदा होने की संभावना है।

अगर ईरान इस क्षेत्र में उत्पादन शुरू करने में सफल होता है, तो इससे घरेलू गैस आपूर्ति मजबूत करने के साथ-साथ ऊर्जा क्षेत्र से सरकार की आय बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है।

लेकिन इसका लाभ तुरंत मिलने की उम्मीद नहीं करनी चाहिए। नई खोज को उत्पादन में बदलने के लिए समय, पैसा, तकनीक और स्थिर परिस्थितियों की जरूरत होगी।

दुनिया की नजर ईरान की नई गैस खोज पर

फार्स प्रांत में 7.5 ट्रिलियन क्यूबिक फीट से अधिक गैस की खोज ऐसे समय हुई है जब ईरान पहले से ही ऊर्जा संकट, युद्ध के असर, अमेरिकी प्रतिबंधों और क्षेत्रीय तनाव के बीच अपनी अर्थव्यवस्था को संभालने की कोशिश कर रहा है।

करीब 5.7 ट्रिलियन क्यूबिक फीट गैस के संभावित रिकवरी योग्य होने से यह खोज निश्चित तौर पर ईरान के ऊर्जा भविष्य के लिए बड़ी खबर है। लेकिन असली सफलता तब मानी जाएगी जब इस गैस को जमीन के नीचे से निकालकर उत्पादन और वितरण नेटवर्क तक पहुंचाया जा सके।

आने वाले वर्षों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि ईरान नई गैस परियोजना के लिए कितना निवेश जुटा पाता है, उत्पादन ढांचा कितनी तेजी से तैयार करता है और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के बीच तकनीकी चुनौतियों से किस तरह निपटता है। फिलहाल इतना जरूर कहा जा सकता है कि फार्स की यह गैस खोज ईरान की ऊर्जा रणनीति के लिए एक महत्वपूर्ण नई उम्मीद लेकर आई है।

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