
CAT Result 2025: भारतीय प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में सबसे प्रतिष्ठित प्रवेश परीक्षाओं में से एक कॉमन एडमिशन टेस्ट (CAT) 2025 का परिणाम आज आधिकारिक रूप से घोषित कर दिया गया है। इस वर्ष CAT 2025 का आयोजन भारतीय प्रबंधन संस्थान (IIM) कोझिकोड द्वारा किया गया था। परीक्षा में शामिल होने वाले लाखों उम्मीदवार अब अपना CAT Scorecard 2025 आधिकारिक वेबसाइट iimcat.ac.in पर जाकर डाउनलोड कर सकते हैं।
CAT 2025 परीक्षा में भाग लेने वाले उम्मीदवारों के लिए यह दिन बेहद महत्वपूर्ण रहा। MBA और अन्य मैनेजमेंट कोर्स में प्रवेश की तैयारी कर रहे छात्रों को अब उनके प्रदर्शन का स्पष्ट आकलन मिल गया है। उम्मीदवार अपने रजिस्टर्ड एप्लीकेशन आईडी और पासवर्ड की मदद से लॉग-इन कर स्कोरकार्ड देख सकते हैं और भविष्य की चयन प्रक्रिया के लिए उसे सुरक्षित रख सकते हैं।
इस वर्ष CAT 2025 में अभूतपूर्व भागीदारी देखने को मिली। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, लगभग 2.95 लाख उम्मीदवारों ने CAT 2025 के लिए रजिस्ट्रेशन कराया, जिनमें से 2.58 लाख अभ्यर्थियों ने परीक्षा में हिस्सा लिया। यह आंकड़ा दर्शाता है कि मैनेजमेंट एजुकेशन के प्रति युवाओं का रुझान लगातार बढ़ रहा है।
लैंगिक आधार पर बात करें तो CAT 2025 में करीब 97,000 महिला उम्मीदवार, 1.61 लाख पुरुष उम्मीदवार और 9 ट्रांसजेंडर उम्मीदवारों ने परीक्षा दी। यह डेटा बताता है कि CAT परीक्षा में विविधता लगातार बढ़ रही है और अलग-अलग वर्गों के छात्र मैनेजमेंट शिक्षा की ओर आकर्षित हो रहे हैं।
श्रेणीवार आंकड़ों पर नजर डालें तो 65 प्रतिशत से अधिक उम्मीदवार सामान्य वर्ग (General Category) से थे। इसके अलावा OBC, SC, ST और अन्य श्रेणियों से भी बड़ी संख्या में छात्रों ने परीक्षा दी, जिससे यह स्पष्ट होता है कि CAT अब देश के हर सामाजिक वर्ग तक अपनी पहुंच बना चुका है।
CAT 2025 के परिणामों में सबसे खास बात यह रही कि 12 उम्मीदवारों ने 100 पर्सेंटाइल हासिल कर देशभर में टॉप किया है। यह किसी भी CAT परीक्षा में सर्वोच्च उपलब्धि मानी जाती है। इन 12 टॉपर्स में 2 महिला और 10 पुरुष उम्मीदवार शामिल हैं।
इस वर्ष के नतीजों ने एक अहम ट्रेंड को भी उजागर किया है। CAT 2025 के टॉप स्कोरर्स में नॉन-इंजीनियरिंग बैकग्राउंड के उम्मीदवारों का दबदबा रहा। 100 पर्सेंटाइल हासिल करने वाले 12 छात्रों में से 9 छात्र नॉन-इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि से हैं, जबकि केवल 3 उम्मीदवार इंजीनियरिंग बैकग्राउंड से जुड़े हैं। यह बदलाव दर्शाता है कि CAT अब केवल इंजीनियरों तक सीमित नहीं रह गया है।
राज्यवार आंकड़ों की बात करें तो CAT 2025 के 100 पर्सेंटाइल हासिल करने वाले उम्मीदवार देश के अलग-अलग हिस्सों से आए हैं। दिल्ली से सबसे अधिक तीन टॉपर रहे हैं। इसके बाद हरियाणा और गुजरात से दो-दो उम्मीदवार टॉप रैंक में शामिल हुए। इसके अलावा उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, महाराष्ट्र, झारखंड और ओडिशा से एक-एक उम्मीदवार ने 100 पर्सेंटाइल हासिल किया है। यह आंकड़ा CAT परीक्षा की पैन-इंडिया पहुंच को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
परिणाम जारी होने पर प्रतिक्रिया देते हुए IIM कोझिकोड के निदेशक प्रोफेसर देबाशिस चटर्जी ने कहा कि CAT 2025 हाल के वर्षों में सबसे सुव्यवस्थित और सुचारु रूप से आयोजित की गई परीक्षाओं में से एक रही। उन्होंने परीक्षा के सफल आयोजन में शामिल सभी एजेंसियों और अधिकारियों का आभार व्यक्त किया और उम्मीदवारों को उनके प्रदर्शन के लिए बधाई दी।
प्रोफेसर चटर्जी ने यह भी कहा कि CAT केवल एक परीक्षा नहीं, बल्कि छात्रों के लिए नेतृत्व, विश्लेषणात्मक सोच और निर्णय क्षमता को परखने का एक मंच है। उन्होंने सभी उम्मीदवारों को आने वाले चयन चरणों के लिए शुभकामनाएं दीं।
अब CAT 2025 के परिणामों के बाद अगला चरण शुरू होने जा रहा है। देश के सभी 22 IIMs अपने-अपने कट-ऑफ और एडमिशन क्राइटेरिया के आधार पर जल्द ही शॉर्टलिस्ट जारी करेंगे। चयन प्रक्रिया के अगले चरण में Written Ability Test (WAT), Group Discussion (GD) और Personal Interview (PI) शामिल होंगे।
केवल IIMs ही नहीं, बल्कि 93 से अधिक गैर-IIM मैनेजमेंट संस्थान भी CAT 2025 स्कोर के आधार पर अपने MBA और PGDM प्रोग्राम्स में दाखिला देंगे। ऐसे में उम्मीदवारों के लिए यह बेहद जरूरी है कि वे नियमित रूप से CAT की आधिकारिक वेबसाइट और संबंधित संस्थानों की वेबसाइट पर नजर बनाए रखें।
विशेषज्ञों का मानना है कि CAT 2025 के नतीजों ने यह साफ कर दिया है कि मैनेजमेंट शिक्षा में विविध शैक्षणिक पृष्ठभूमि के छात्रों के लिए अवसर लगातार बढ़ रहे हैं। नॉन-इंजीनियरिंग छात्रों की सफलता इस बात का संकेत है कि अब चयन केवल तकनीकी ज्ञान पर नहीं, बल्कि समग्र क्षमताओं पर आधारित है।
अंततः CAT 2025 का परिणाम लाखों छात्रों के करियर की दिशा तय करने वाला साबित होगा। जो उम्मीदवार इस परीक्षा में सफल रहे हैं, उनके लिए अब असली चुनौती चयन प्रक्रिया के अगले चरणों में खुद को साबित करने की होगी।



